मुज़फ्फरनगर- भारत सरकार द्वारा घोषित “वीर बाल दिवस” के अवसर पर सर्कुलर रोड स्थित एक स्कूल में एक अत्यंत भव्य, गरिमामय एवं भावनात्मक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस ऐतिहासिक अवसर पर प्रदेश सरकार के मंत्री कपिल देव अग्रवाल मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम का उद्देश्य सिख इतिहास के अमर नायकों—श्री गुरु गोविन्द सिंह जी महाराज के चार साहिबज़ादों—साहिबज़ादा अजीत सिंह, साहिबज़ादा जुझार सिंह, साहिबज़ादा ज़ोरावर सिंह एवं साहिबज़ादा फ़तेह सिंह—की अद्वितीय वीरता, धर्मनिष्ठा, त्याग और सर्वोच्च बलिदान को नमन करना था।
कार्यक्रम का शुभारंभ गुरुवाणी पाठ एवं दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। विद्यालय प्रबंधन एवं प्रधानाचार्य द्वारा मुख्य अतिथि का पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया गया। अपने संबोधन में मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने कहा कि वीर साहिबज़ादों ने अत्यंत कम आयु में जिस असाधारण साहस, आत्मबल और धर्म एवं राष्ट्र के प्रति अटूट समर्पण का परिचय दिया, वह भारतीय इतिहास का स्वर्णिम अध्याय है। उन्होंने कहा कि साहिबज़ादों का बलिदान हमें यह सिखाता है कि सत्य और धर्म की रक्षा के लिए किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाना चाहिए।
मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने कहा कि वीर बाल दिवस केवल एक स्मृति दिवस नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों को राष्ट्रप्रेम, नैतिक मूल्यों और कर्तव्यबोध से जोड़ने का एक सशक्त माध्यम है। उन्होंने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे वीर साहिबज़ादों के जीवन से प्रेरणा लेकर सत्य, साहस, अनुशासन, सेवा, त्याग और राष्ट्रभक्ति को अपने जीवन के मूल मंत्र के रूप में अपनाएँ तथा एक जिम्मेदार, संस्कारवान और देशभक्त नागरिक बनें।
इस अवसर पर वरिष्ठ समाजसेवी सतीश गोयल, सरदार सतपाल मान (प्रधान), अजीत सिंह मलिक, जसप्रीत सिंह चावला, हरजीत सिंह गुराय, हरजीत सिंह चावला, चरण सिंह बराड़, ज्ञानी हरजीत सिंह, कश्मीर सिंह चहल, सतपाल सिंह, रविंद्र सिंह सोढ़ी सहित अनेक गणमान्य नागरिक, शिक्षाविद्, शिक्षकगण, विद्यार्थी एवं अभिभावक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का समापन राष्ट्रभक्ति के संदेश, वीर साहिबज़ादों को श्रद्धांजलि अर्पित करने एवं उनके आदर्शों को आत्मसात करने के संकल्प के साथ हुआ।














