मुज़फ्फरनगर से पहुँची लखनऊ टीम, प्रदूषण विभाग का फैक्ट्रियों में निरीक्षण को लेकर भाकियू (अ) का हंगामा

By muzaffarnagarviews

Published On:

Date:

मुजफ्फरनगर- जानसठ रोड पर स्थित महालक्ष्मी पेपर मिल में लखनऊ से आई प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की टीम सोमवार सुबह इंस्पेक्शन करने पहुंची। टीम में विभाग के चीफ प्रवीण कुमार, राधेश्याम के अलावा स्थानीय RO गीतेश चंद्रा, JE संध्या शर्मा और JE राजा कुमार शामिल थे, लेकिन भाकियू अराजनैतिक के कार्यकर्ताओं ने मिल पर पहुंचकर टीम का घेराव कर दिया। RDF सैंपल लेने पर छीना-झपटी हुई और सैंपल के बैग फाड़ दिए गए।

फैक्ट्री में अंदर जाने की जिद, इंस्पेक्शन रुका

भाकियू कार्यकर्ता फैक्ट्री के अंदर जाने की जिद पर अड़े रहे। टीम को इंस्पेक्शन नहीं करने दिया और जमकर बदतमीजी की गई। भारी विरोध के चलते टीम को वापस लौटना पड़ा, लेकिन कार्यकर्ताओं ने टीम का करीब 15 किमी तक पीछा किया। अधिकारियों के काफिले का भाकियू अराजनैतिक के कार्यकर्ताओं ने मेरठ रोड पर स्थित मूलचंद रिसॉर्ट तक पीछा किया और रिसॉर्ट पर पहुंचकर फिर से घेर लिया। टीम ने पूरे मामले की आलाधिकारियों समेत शासन को अवगत कराया।

सूचना पर मंसूरपुर पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने टीम को सुरक्षा प्रदान की और एस्कॉर्ट करके सुरक्षित लौटाया। भाकियू कार्यकर्ता भी आश्वासन के बाद वापस लौट गए। भाकियू जानसठ तहसील अध्यक्ष अंकित जावला ने आरोप लगाया कि “फैक्ट्री में गीला कचरा और मृत पशु जलाए जा रहे हैं। लेकिन टीम ने सूखा RDF का सैंपल लिया। हमने कहा कि हमें अंदर लेकर चलो, असल कचरे का सैंपल लो। लेकिन टीम भाग आई। हम पीछा करके रिसॉर्ट तक गए।”

RO गीतेश चंद्रा ने कहा कि “भाकियू अराजनैतिक के कार्यकर्ता फैक्ट्री के अंदर जाने पर अड़े थे। सैंपल के बैग को लेकर छीनाझपटी की गई और फाड़े गए। जिसकी वजह से इंस्पेक्शन किए बगैर ही लौटना पड़ा।”

प्रदूषण नियंत्रण जैसे महत्वपूर्ण इंस्पेक्शन में इस तरह का हंगामा चिंता का विषय है। टीम की सुरक्षा और कार्य में बाधा… क्या यह किसी भी मायने में सही है? ऐसे में एक सवाल उठना लाज़िमी है कि ये प्रदूषण रोकने की लड़ाई है या फिर दबाव की राजनीति…

मुज़फ्फरनगर व्यूज़ | मुज़फ्फरनगर, उत्तर प्रदेश
Email- muzaffarnagarviews@gmail.com